लैला और अनलेबल्ड एडवेंचर
एक सिटी क्वेस्ट जहाँ हर हिस्से की अहमियत है
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डेज़ी की चाल एक छोटे ढोल की ताल जैसी लगती थी। प्लिप-प्लैप, प्लिप-प्लैप, हर सुबह नरम घास पर उसके पैर ऐसे ही चलते थे। दूसरी बत्तखें आराम से फिसलती हुई चलती थीं। डेज़ी के कदम हमेशा थिरकते और उछलते रहते थे। आज, तालाब पर सुनहरी और गर्म धूप फैली हुई थी। डेज़ी पानी के पास डांस क्लास के लिए अपने भाई-बहनों के पीछे-पीछे जल्दी से चली। उसने लाइन में रहने की कोशिश की, लेकिन उसके पैर छोटी-छोटी छलाँगें लगा रहे थे। 'डेज़ी की मज़ेदार चाल तो सुनो!' मिल्ली कें-कें करके बोली और कुछ बत्तखें खिलखिला उठीं। डेज़ी पीछे हट गई, उसने अपने पंख कसकर सिकोड़ लिए। उसका दिल ऐसे धड़क रहा था, जैसे उसने कोई मक्खी निगल ली हो। वह सरकंडों के पीछे गायब हो जाना चाहती थी। उसने सोचा, क्या मेरी चाल के लिए यहाँ कोई जगह है?
तालाब जगमगा रहा था, और मिसेज़ व्रेन - छोटी, फुर्तीली और चमकदार भूरी आँखों वाली - ने अपना पंख हिलाया। 'बत्तखो, चलो तालाब वाले डांस का अभ्यास करें!' सभी बत्तखें लाइन में लग गईं। डेज़ी सरकंडों में छिपी आराम कर रही थी, और ठंडे पानी में धीरे-धीरे अपने पैर चला रही थी। बाकी सब गोल-गोल घूम रहे थे और सीधी कतारें बना रहे थे, ठीक वैसे ही जैसे मिसेज़ व्रेन को पसंद था। डेज़ी ने एक चपटा पत्थर उठाया। उसने उस पर अपनी छोटी ढोल की ताल बजाई। प्लिप-प्लैप, प्लिप-प्लैप। क्या वह कभी सबके साथ घुल-मिल पाएगी? मिसेज़ व्रेन ने अपना सिर झुकाया और पुकारा, 'डेज़ी, क्या तुम हमारे लिए अपनी चाल की ताल पर ताली बजाओगी?' डेज़ी की चोंच खुली रह गई। 'मैं?' मिसेज़ व्रेन ने सिर हिलाया। 'तुम!'
डेज़ी खड़ी हुई और धीरे-धीरे समूह की ओर बढ़ी। उसने एक साँस ली, फिर अपने जालीदार पैरों को वैसे ही हिलाया जैसे वह हमेशा करती थी: प्लिप-प्लैप, प्लिप-प्लैप। आवाज़ शर्मीली थी, लेकिन सच्ची थी। मिसेज़ व्रेन मुस्कुराईं। 'अब, बत्तखो, अपनी-अपनी चाल को सुनो। अपने कदमों में जो ताल सुनाई दे, उस पर ताली बजाओ!' सैम के कदम तेज़ थे: पट-पट-पट। मिल्ली अपने पैरों को घसीटती थी, जिससे स्स्स्स, स्स्स्ट की आवाज़ आती थी! टॉम खुशी से टैप-टैप-हॉप करता था। जैसे ही सभी बत्तखों ने अपना संगीत सुना, हँसी के फव्वारे छूट पड़े। मिसेज़ व्रेन ने अपने पंख फड़फड़ाए। 'अब, चलो इन सभी तालों को एक साथ मिलाते हैं। डेज़ी, तुम शुरू करो।' डेज़ी की ढोल की ताल ने नेतृत्व किया। प्लिप-प्लैप, प्लिप-प्लैप। फिर सैम के तेज़ कदम आए, फिर मिल्ली की घसीट, फिर टॉम की थपकी। तालाब एक नई लय से गूँज उठा, जो धूप की तरह चमकदार, उछल-कूद और सरसराहट से भरा था। डेज़ी की ताल तेज़ और धीमी चाल वालों के बीच एक पुल की तरह थी। हर बत्तख सुन रही थी, मुस्कुरा रही थी, और गर्व से उनके पंख फूले हुए थे। डेज़ी का दिल खुशी से भर गया। जब डांस खत्म हुआ, तो बत्तखें खुशी से चिल्ला उठीं। टॉम ने कें-कें करके कहा, 'तुम्हारी चाल सबसे अच्छी है!' डेज़ी हँसी, उसकी आँखें चमक रही थीं। 'धन्यवाद!' डांस क्लास सभी के अपनी मज़ेदार और खास ताल पर चलने और ताली बजाने के साथ खत्म हुई। मिसेज़ व्रेन ने डेज़ी को धीरे से सिर हिलाकर शाबाशी दी। 'मुझे पता था कि तुम्हारी ढोल की ताल हमारा नेतृत्व कर सकती है।'
जैसे ही सूरज ने तालाब पर गुलाबी रंग बिखेरा, सभी बत्तखें एक बड़े घेरे में नाचने लगीं। डेज़ी उछल-कूद रही थी, अब वह सरकंडों में नहीं छिप रही थी। उसकी ढोल की ताल ने एक खुशनुमा लय बना दी थी। ऐसा लग रहा था मानो घास, पानी और आसमान भी उनके गीत में शामिल हो गए हों। उस दिन से, जब भी बत्तखें नाचतीं, वे एक-दूसरे के पैरों की आवाज़ सुनतीं। हर चाल ने नृत्य को बेहतर बनाया, और कोई भी पीछे नहीं छूटा। खासकर डेज़ी, जिसकी छोटी ढोल की ताल ने सभी के कदमों को एक नए और चमकदार तरीके से एक साथ पिरो दिया था। और वसंत की कोमल चमक में, पूरा तालाब दोस्तों की तरह, गर्व और दया के साथ नाच रहा था।
एक त्योहार, मिली हुई एक डायरी, और सूर्योदय का एक फैसला
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